प्रधानमंत्री नरेंदर मोदी के नेतृत्व में यह उपलब्धी संभव हुई है: डॉ. सुभाष शर्मा
अमृतसर / चंडीगढ़: 21 अक्तूबर ( राजिंदर धानिक ): भारतीय जनता पार्टी, पंजाब के प्रदेश महसचिव डॉ. सुभाष शर्मा ने प्रधानमंत्री नरेंदर मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार द्वारा दुनिया की सबसे बड़ी कोरोना वैक्सीन ड्राईव में 100 करोड़ का आंकड़ा पार करने पर सभी देश वासियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि भारत विश्व का एकमात्र ऐसा देश में जिसमें इतनी बड़ी जनसख्या होने के बावजूद विश्व में सबसे तेज गति से टीकाकरण अभियान चला कर आज 100 करोड़ का आंकड़ा पार कर इतिहास रच दिया है। इस घातक महामारी के खिलाफ दो टीके बनाने में अग्रणी होना हमारे देश के लिए कोई छोटी उपलब्धि नहीं थी। डॉ. शर्मा ने इस बात की जानकारी प्रदेश भाजपा मुख्यालय चंडीगढ़ में आयोजित पत्रकारवार्ता में पत्रकारों से बात करते हुए दी। इस अवसर पर उनके साथ प्रदेश कार्यकारी सदस्य कंवर नरेंदर सिंह, भाजपा प्रदेश मीडिया प्रकोष्ठ की संयोजक जैसमिन संधेवालिया, जगदीप औजला भी उपस्थित थे।
डॉ. सुभाष शर्मा ने कहा कि हमारे शोधकर्ताओं, डॉक्टरों और फार्मास्युटिकल कंपनियों ने वैक्सीन बनाने के लिए उत्साह और प्रतिबद्धता के साथ काम किया, जिसे इस घातक बीमारी का मुकाबला करने और उसे रोकने के लिए एक सुरक्षित और प्रभावी दवा के रूप में आज मान्यता प्राप्त है। आज विश्व में भारत इस विशाल उपलब्धि के साथ सबसे अगले पायदान पर खड़ा है और प्रधानमंत्री ने कोरोना के खिलाफ लड़ाई में हमेशा सक्रिय रहकर दूरदर्शी भूमिका निभाई है। शर्मा ने कहा कि कुछ महीनों के भीतर भारत ना एक सुरक्षित वैक्सीन बनाने में अग्रणी हो गया और बल्कि अपने देशवासियों को इसे उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए हमने अन्य जरूरतमंद देशों की मदद करके अपने मानवीय और दयालु धर्म का भी पालन किया। यह केवल इसलिए संभव हुआ क्योंकि प्रधानमंत्री नरेंदर मोदी और उनकी पूरी सरकार ने इस अभूतपूर्व वायरस पर काबू पाने के लिए दिन-रात काम किया, जिसने दुनिया को रोक दिया था। राष्ट्र ने 16 जनवरी को स्वास्थ्य कर्मियों के टीकाकरण के साथ कोरोना टीकाकरण अभियान शुरू किया और 2 फरवरी तक अग्रिम पंक्ति के कार्यकर्ताओं का टीकाकरण किया गया।
डॉ. सुभाष शर्मा ने कहा कि एक मार्च को 60 वर्ष से ऊपर और 45-59 के सभी लोगों का टीकाकरण किया गया। हमारी स्वास्थ्य देखभाल प्रणाली ने जिस अभूतपूर्व गति से काम किया, उसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि अकेले 6 अप्रैल तक 43 लाख टीकाकरण, 21 जून तक भारत ने 80 लाख का आंकड़ा पार किया और 1 सितंबर तक 2.5 करोड़ लोगों को वैक्सीन की खुराक दी गई।
डॉ. सुभाष शर्मा ने दुनिया के लिए स्वास्थ्य और कल्याण सुनिश्चित करने का उत्कृष्ट काम शुरू करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंदर मोदी का धन्यवाद करते हुए कहा कि इस 100 करोड़ टीकाकरण का लक्ष्य पाना कोई आसान प्रयास नहीं है।













